भय्यूजी ने आत्महत्या करने से पहले सेवादार के नाम कर दी थी पूरी संपत्ति

पहली नजर में देखने पर इस सुसाइड नोट और पुलिस को मिले पहले नोट में अंतर नजर आ रहा है।

Due to suicide, Bhayuji gave full name to the Sewadaar.

   

आध्यात्मिक संत भय्यूजी महाराज के कथित तौर पर गोली मारकर आत्महत्या मामले में एक दिलचस्प मोड़ आ गया है। पुलिस को शुरुआती जांच में एक और सुसाइड नोट बरामद हुआ है। भय्यूजी ने सुसाइड नोट के दोनों पेजों में न केवल अपने मन की स्थिति को दिखाया है, बल्कि उन्होंने परिवार के लिए भी चिंता दिखाई है। 2015 में उनकी पहली पत्नी माधवी की मृत्यु हो जाने से वह अकेलापन महसुस कर रहे थे और उनकी माधवी से एक बेटी भी थी। भय्यूजी महाराज की दूसरी शादी के बाद बेटी ने उनसे दूरी बना ली थी वह पुणे से बहुत कम ही घर (इंदौर) आती थी। अपनी दूसरी पत्नी और बेटी के संबंधों में आयी खटास की वजह से भय्यूजी काफी चिंताग्रस्त रहते थे. इससे पहले पुलिस को भय्यूजी की पॉकेट डायरी से डेढ़ पेज का एक और सुसाइड नोट मिला था, जो अंग्रेजी में है उसमें पारिवारिक कलह का जिक्र करते हुए उन्होंने खुद को बेहद तनाव मे होना बताया है।

अब पुलिस को एक दूसरा सुसाइड नोट मिला है जिसमें भय्यूजी ने अपनी सारी संपत्ति अपने सबसे करीबी रहे सेवादार विनायक के नाम की है। नोट में भय्यूजी ने लिखा है कि – “मेरी सारी आर्थिक शक्तियां, प्रॉपर्टीज, बैंक अकाउंट्स की सारी जिम्मेदारी मेरे मरने के बाद विनायक संभालेगा। मैं विनायक पर ट्रस्ट करता हूं। इसलिए उसे ये सारी जिम्मेदारी देकर जा रहा हूं और ये मैं बिना किसी दबाव के लिख रहा हूं।”
पहली नजर में देखने पर इस सुसाइड नोट और पुलिस को मिले पहले नोट में अंतर नजर आ रहा है। विनायक पिछले 15 सालों से भय्यूजी महाराज की सेवा करता आया है। जब भय्यूजी महाराज ने खुद को गोली मारी थी उस समय सेवादार विनायक भी घर में मौजूद था। इस सुसाइड नोट के अलावा पुलिस को भैय्यूजी की लाश के पास से रिवॉल्वर, मोबाइल, टैब, लैपटॉप, फोन सहित 7 गैजेट्स मिले थे।

 

 

related post – भय्यूजी महाराज ने सुसाइड नोट में बयां की जिंदगी की उलझन!

जानिए भय्यूजी महाराज से जुड़ी 11 खास बातें !

Previous प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत घरों के साइज में हुआ बड़ा बदलाव
Next योजनाओं की जानकारी आमजन तक पहुंचाने में सोशल मीडिया की महत्वपूर्ण भूमिका : मुख्यमंत्री