Could create table version :No database selected भारत भितराघात से लड़खड़ा रहा है, उदाहरणों से समझिये कैसे? - SI News Today
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भारत भितराघात से लड़खड़ा रहा है, उदाहरणों से समझिये कैसे?

भारत भितराघात से लड़खड़ा रहा है, उदाहरणों से समझिये कैसे?

भारत भितराघात से लड़खड़ा रहा है, उदाहरणों से समझिये कैसे?

India is staggering from the treachery, understand from the examples how?

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आप लोग को जानकर हैरानी हो सकती है कि भारत हो या कोई अन्य देश अगर उसे अपने डिप्लोमेटिक या राजनैतिक कारणों से देश को असुरक्षा महसूस होता है तो वह खबर आम जनता तक पहुँचने से रोक दिया जाता है।

उदाहरण के लिए 04 अप्रैल को गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने डिप्टी सीएम नितिनभाई पटेल के साथ अहमदाबाद सिविल अस्पताल में ‘धमन-1’ नाम की एक मशीन का उद्घाटन किया। मीडिया को प्रेषित विज्ञप्ति में इस मशीन को वेंटिलेटर बताया गया। इतना ही नहीं पराक्रम जडेजा और उनकी कंपनी ज्योति सीएनसी को दस दिनों के भीतर कम लागत वाले वेंटिलेटर को बनाने के लिए बधाई भी दी जाती है। गुजरात सरकार ने गुजरात की एक कंपनी द्वारा बनाए गए ‘धमन-1’ नामक फ़र्ज़ी वेंटिलेटर्स को पहले तो खरीदकर दुनियां में वह वही लूटने कि कोशिश की फिर जब मामला सामने आया तो उसे दान का सामान बताकर पल्ला झड़ने की कोशिश की गयी जबकि वो कोई वेंटिलेटर है ही नहीं बल्कि वो कृत्रिम सांस उपलब्ध कराने वाली मशीन मात्र है। फिर सवाल उठता है कि राज्य सरकार ने झूठा प्रचार क्यों किया? आखिर इसके पीछे उसकी मंशा क्या थी? ऐसा भी बोलै था मगर अब जब घोटाला सबके सामने आ गया तो सरकार बोल रही है कि उसे दान में प्राप्त हुआ था. जबकि कंपनी की वेबसाइट, गुजरात सरकार और मुख्यमंत्री इसे एक वेंटिलेटर कहते रहे हैं।

दूसरे नेपाल की भौगोलिक स्थिति ऐसी है कि उत्तर में चीन और दक्षिण में भारत व् भूटान से घिरा हुआ है. उसके पास व्यापार के लिए 2 ही देश बचते हैं। आज तक भारत सरकार ने एक भी बड़े प्रोजेक्ट के लिए नेपाल सरकार से 2016 (US$ 500 मिलियन) के बाद से आज तक कोई भी बड़ा निवेश नहीं किया है। चीन इस मौके का फायदा उठाकर नेपाल में ताबड़तोड़ निवेश कर रहा है, जाहिर हैं जो जिसका खायेगा उसी की ढपली बजायेगा। यहाँ भारत-नेपाल भाई भाई वाला मैत्री सम्बन्ध काम नहीं आएगा। यहाँ कूटनीतिक रूप से भारत सरकार फेल होती जा रही है।

Agreements and MOUs exchanged during the State Visit of Prime Minister of Nepal to India ( February 20, 2016)

इधर भारत को चीन लगातार नेपाल/लद्दाख और सिक्किम मुद्दे पर ध्यान भटका कर लगातार उसका ध्यान भटका रहा है जिससे पाकिस्तान को घुसपैठी का मौका मिल सके तो उधर देश के भीतर में कोई औद्योगिक निवेश न हो सके इसलिए जाली फेसबुक/ट्विटर/इंस्टाग्राम अकाउंट के जरिये देश के भीतर का माहौल ख़राब करने की कोशिश कर रहा है ताकि चीन से निकलने वाले उद्योग भारत में स्थापित ही न हो सके।

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