Saturday, May 18, 2024
featuredदेश

भगवान कृष्ण पर आपत्तिजनक टिप्पणी कर घिर गए प्रशांत भूषण, मुकदमा दर्ज

SI News Today

वरिष्ठ अधिवक्ता एवं सामाजिक कार्यकर्त्ता प्रशान्त भूषण उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के एंटी रोमियो दलों को ‘एंटी कृष्ण स्क्वायड’ कहने की चुनौती देकर एक बार फिर विवादों से घिर गए हैं. इस मामले में एक कांग्रेस नेता की तहरीर पर उनके खिलाफ हजरतगंज कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया है. उनके खिलाफ लखनऊ के अलावा एक मुकदमा दिल्ली में भी दर्ज हुआ है.

भगवान कृष्ण को लेकर विवादित टिप्पणी

मशहूर वकील प्रशांत भूषण ने उत्तर प्रदेश में चलाए जा रहे ‘एंटी रोमियो स्क्वॉड’ को भगवान कृष्ण से जोड़ते हुए विवादित टिप्पणी की है. प्रशांत भूषण ने यूपी के सीएम द्वारा चलाए जा रहे ‘एंटी रोमियो स्क्वॉड’ की आलोचना करते हुए भगवान कृष्ण से छेड़खानी करने वालों की तुलना कर दी है. इसके साथ ही भूषण ने रोमियो को प्यार करने वाला करार दिया है.

क्या था प्रशांत भूषण का ट्वीट

भूषण ने ट्वीट में कहा है ‘रोमियो सिर्फ एक महिला से प्यार करता था, जबकि कृष्णा प्रसिद्ध ईव टीजर थे. आदित्यनाथ में इतनी हिम्मत है कि वह एंटी कृष्ण स्क्वॉड बना सकें.’ प्रशांत भूषण ने एक ट्वीट कर रोमियो और श्रीकृष्ण की तुलना की. भूषण ने लिखा, ‘रोमियो ने अपने जीवन में केवल एक ही लड़की से प्यार किया, जबकि कृष्ण तो कई लड़कियों के साथ छेड़खानी करने के लिए मशहूर हैं.’ प्रशांत भूषण ने यह ट्वीट स्वराज इंडिया के प्रवक्ता अनुपम के ट्वीट को कोट कर किया है. अनुपम ने ट्वीट में कहा है ‘हम आश्चर्यचकित न हों यदि इंग्लैंड में छेड़खानी की घटनाएं रोकने के लिए एंटी कृष्णा स्क्वॉड बना दिया जाए.’

बीजेपी ने ट्वीट की आलोचना की 

भूषण की इस टिप्पणी की बीजेपी ने आलोचना की है. बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने ट्वीट कर भूषण को जवाब दिया. पात्रा ने लिखा,’कृष्ण को समझने में कई जन्म लेने पड़ेंगे. कितनी आसानी से कृष्ण को राजनीति में घसीट लाए. दुख की बात है.

बीजेपी ने पूरे प्रदेश में एंटी रोमियो दस्ता गठन करने का वादा किया था

उत्तर प्रदेश चुनाव से पहले बीजेपी ने पूरे प्रदेश में एंटी रोमियो दस्ता गठन करने का वादा किया था. योगी आदित्यनाथ ने 19 मार्च को सीएम पद की शपथ लेने के बाद से ही इस पर काम करना शुरू कर दिया. पूरे प्रदेश में पुलिस टीम ने अभियान चलाया और लड़कियों से छेड़खानी करने वालों को सबक सिखाया. हालांकि इस दौरान लड़के-लड़कियों के साथ बदसलूकी और एकसाथ घूम रहे महिला-पुरुष के साथ बदतमीजी की घटनाएं भी सामने आईं. वहीं इस स्क्वॉड का नाम एंटी-रोमियो रखने पर भी कई लोग आपत्ति जता चुके हैं.

अपने बयानों से विवादों में आते रहते हैं भूषण

भोपाल में आयोजित एक कार्यक्रम में देशभर के जजों को मूर्ख और भ्रष्ट बता डाला था. ऐसा पहली बार नहीं है जब प्रशांत भूषण ने विवादित बयान दिया हो. कश्मीर पर जनमत संग्रह बात करने पर प्रशांत भूषण के साथ मारपीट भी की गई थी.

सुप्रीम कोर्ट में वरिष्ठ वकील भूषण ने नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षाबलों की तैनाती को लेकर जनमत संग्रह कराने की वकालत की थी. उनका कहना है कि सेना तैनाती से पहले इन इलाकों में लोगों की राय जरूर ली जाए, क्योंकि कश्मीर में बिना जनमत संग्रह के सेना तैनात की गई थी, इसलिए आज वहां तनाव है.

अक्टूबर 2011 में कश्मीर पर दिए विवादित बयान को लेकर प्रशांत भूषण को उनके चैंबर में तीन लोगों ने पीटा था. तीनों ने पहले भूषण को थप्पड़ मारे, फिर उनका चश्मा छीन लिया था. इस मामले में दिल्ली के नांगलोई के रहने वाले 24 वर्षीय इंदर वर्मा को गिरफ्तार किया गया था.

SI News Today

Leave a Reply